Saturday, November 21, 2015

आकार बदलने लगे हैं पत्थर

समय के प्रभाव में 
आकार बदलने लगे हैं पत्थर
गोल -गोल पत्थर 
अब नुकीले हो रहे हैं ......
ये नुकीले  पत्थर  उठेंगे हाथों  में 
शोषण के  विरुद्ध  
न्याय  के पक्ष  में 
एक दिन  !

3 comments:

  1. ब्लॉग बुलेटिन की आज की बुलेटिन, हिन्दी फिल्मों के प्रेरणादायक संवाद - ब्लॉग बुलेटिन , मे आपकी पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !

    ReplyDelete
    Replies
    1. शुक्रगुजार हूँ ....सादर

      Delete
  2. पर वो दिन कब आएगा और कौन लाएगा पता नहीं :(

    http://ulatpalat.blogspot.in/2015/11/blog-post_27.html

    ReplyDelete

उसके हाथों में खून के धब्बे नहीं बचे हैं

उसके हाथों में खून के धब्बे नहीं बचे हैं किन्तु जले हुए इंसानी मांस की दुर्गन्ध आती है तमाम अपराधों में नामज़द अपराधी  उसकी मंडली में शामिल...