Tuesday, November 3, 2009

चाँद के आंसूं

सुना है चाँद पर
पानी मिला है , और
वैज्ञानिक परेशान है
पानी का स्रोत खोजने में
उन्हें कोई बता दे , कि
वो पानी दरसल पानी नही
चाँद के आंसूं हैं
चाँद आहत है
आदमी की करतूतों से ।

No comments:

Post a Comment

फिर उदास हो उठेगा मन

  की-बोर्ड पर चलती उंगलियाँ लगातर तोड़ रही हैं कमरे की नीरवता कुछ देर पहले तक बालकनी पर बिखरी पड़ी थी चांदनी अब अँधेरा है कुछ ही पल में दरवाजे...