Thursday, October 18, 2012

कुछ ने उन्हें दूर से देखा


आदमी -आदमी में
समाया हुआ है षड्यंत्र ....
बस पहनकर मुखौटा जाते हैं
आईने के सामने ...

कुछ ने उन्हें दूर से देखा .
कुछ ने कहा
आत्मा से मरे हुए लोग 

मैंने उन्हें जिंदा पाया 
भय के कारण 
दीर्घ साँस लेते हुए

3 comments:

  1. बस पहनकर मुखौटा जाते हैं
    आईने के सामने ...sach kaha aapne ...

    ReplyDelete
  2. इस दुनिया में जिन्‍दा लोग बहुत कम मिलेंगे, अगर कभी मिले भी तो मरे हुए लोग उन्‍हें मारने के लिए तैयार रहते हैं, क्‍योंकि वे बताते हैं कि तुम मरे हुए होा

    ReplyDelete
  3. वाह......
    खुद से डरा है शायद....

    अनु

    ReplyDelete

'भाग्य-विधाता' तस्वीर में मुस्कुरा रहे हैं

  बहुत अजीब सी ख़ामोशी है जबकि आतंक लगातार तांडव कर रहा है हमारे आसपास इसे भय कहा जाए या बेशर्मी ! मेरे कमरे से संविधान नामक पुस्तक गायब है ज...